अब तहसीलदार ही लेंगे ‘जमीन’ से जुड़े मामलों पर फैसला, घटेगी पेंडेंसी

Oct 27, 2025 - 12:51
Oct 27, 2025 - 12:51
 0  3.2k
अब तहसीलदार ही लेंगे ‘जमीन’ से जुड़े मामलों पर फैसला, घटेगी पेंडेंसी

भोपाल (आरएनआई)। प्रदेश सरकार ने राजस्व प्रकरणों के शीघ्र निपटारे के लिए बड़ा प्रशासनिक निर्णय लिया है। अब तहसीलदार को ही जमीन से जुड़े मामलों की सुनवाई और रेकॉर्ड अपडेट करने का अधिकार दिया गया है।इस संबंध में शासन द्वारा आदेश जारी कर दिए गए हैं। आदेश के लागू होते ही जिलों में जमीन से जुड़े मामलों के निपटारे की प्रक्रिया फास्ट ट्रैक मोड पर आ गई है।

अब तहसीलदार ही देंगे अंतिम फैसला
राज्य शासन के नए आदेश के अनुसार, अब एसएलआर (सब-डिविजनल लैंड रजिस्ट्रार) की जगह तहसीलदार ही सभी भूमि संबंधी मामलों की सुनवाई करेंगे।
वे न केवल भू-अभिलेख (land records) को अपडेट करेंगे, बल्कि नामांतरण, बंटवारा और सीमांकन जैसे मामलों में अंतिम आदेश भी जारी करेंगे।

एक अधिकारी – एक जिम्मेदारी
अब जिले में भू-प्रबंधन और राजस्व प्रकरण निपटान, दोनों की जिम्मेदारी एक ही अधिकारी — तहसीलदार के पास होगी। इससे फाइलों का आदान-प्रदान घटेगा और निर्णय की गति बढ़ेगी। फिलहाल जिले में करीब एक हजार भूमि प्रकरण लंबित हैं। नया आदेश लागू होने से इनके फास्ट ट्रैक निपटान की संभावना बढ़ गई है।

ऐसे मिलेगा नागरिकों को लाभ
राजस्व सेवाएं फास्ट ट्रैक होंगी — नामांतरण, सीमांकन, बंटवारा जैसे मामलों में विलंब नहीं होगा। एक ही अधिकारी द्वारा जांच और आदेश जारी होने से काम का समय घटेगा। सेवा डिलीवरी तेज होगी और नागरिकों को राजस्व न्याय की प्रक्रिया में राहत मिलेगी।

इंदौर-भोपाल रीजन में भी बड़ा असर
शासन के अनुसार, यह बदलाव भोपाल मेट्रोपॉलिटन रीजन और इंदौर क्षेत्र में विशेष रूप से असर डालेगा। अब जमीन से जुड़े मामलों की जटिलता घटेगी, और भू-अभिलेख प्रबंधन अधिक सटीक व पारदर्शी होगा। एकीकृत कैडर होने से भूमि उपयोग की बेहतर समझ, अतिक्रमण हटाने और राजस्व भूमि के संरक्षण में भी आसानी होगी।

Follow RNI News Channel on WhatsApp: https://whatsapp.com/channel/0029VaBPp7rK5cD6X

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Angry Angry 1
Sad Sad 0
Wow Wow 0