ब्लैक मनी रखने वालों को बड़ी राहत, सरकार ने बदला नियम; अब न केस होगा, न जुर्माना
विदेश में ब्लैक मनी रखने वालों के लिए अच्छी खबर है। सरकार ने ब्लैक मनी से जुड़े नियमों में बदलाव किया है और कुछ शर्तों के साथ ब्लैक मनी रखने की छूट दी है।
नई दिल्ली (आरएनआई) ब्लैक मनी रखने वालों पर अब न जुर्माना लगेगा और न ही उनके ऊपर किसी भी प्रकार का कोई मुकदमा चलेगा। सरकार ने ब्लैक मनी से जुड़े कुछ नियमों में बदलाव किया है। हालांकि यह सभी के लिए नहीं है। सरकार ने कुछ खास शर्तों के बाद 'ब्लैक मनी' रखने की छूट दी है।
सेंट्रल बोर्ड ऑफ डायरेक्ट टैक्सेस (CBDT) ने ब्लैक मनी एक्ट, 2015 से जुड़े अपने नियमों में कुछ बदलाव किए हैं। ये बदलाव 18 अगस्त 2025 के एक इंटरनल इंस्ट्रक्शन में किए गए हैं। नए नियमों के अनुसार, सेक्शन 49/50 के तहत मुकदमा नहीं चलाया जाएगा। यह उन मामलों में होगा जहां सेक्शन 42/43 के तहत जुर्माना नहीं लगाया गया है या 'लगाया जा सकता है'। यह बदलाव 1 अक्टूबर 2024 से लागू हो गया है।
अगर किसी के पास विदेश में बैंक खाता था और उसमें 5 लाख रुपये से कम बैलेंस था, तो उसे इस बारे में जानकारी नहीं देने पर जुर्माना नहीं लगता था। लेकिन, अब यह नियम बदल गया है।
अब, अगर आपके पास विदेश में कोई भी चल संपत्ति (जैसे कि बैंक खाता, शेयर, या कोई और चीज) है और उसकी कीमत 20 लाख रुपये से कम है, तो आपको इस बारे में चिंता करने की जरूरत नहीं है। इनकम टैक्स को जानकारी न देने पर भी सेक्शन 42 और 43 के तहत जुर्माना नहीं देना होगा। साथ ही, सेक्शन 49 और 50 के तहत आप पर मुकदमा भी नहीं चलाया जाएगा। यह नियम उन लोगों के लिए बहुत फायदेमंद है जिनके पास विदेश में कम मूल्य की संपत्ति है। इससे उन्हें बिना वजह परेशान होने से बचाया जा सकेगा। यह नियम अचल संपत्ति (जैसे जमीन या मकान) पर लागू नहीं होगा।
यह इंटरनल इंस्ट्रक्शन सर्कुलर, जिसका नंबर F. No. 285/46/2021-IT(Inv.V)/88 है, 18 अगस्त 2025 को जारी किया गया था। यह सर्कुलर पब्लिक डोमेन में उपलब्ध नहीं है। लेकिन, इकोनॉमिक टाइम्स वेल्थ ऑनलाइन ने अपने सूत्रों से इसकी सच्चाई का पता लगाया है।
इनकम टैक्स डिपार्टमेंट ने यह बदलाव इसलिए किया है ताकि छोटे-मोटे मामलों पर ध्यान देने के बजाय, बड़े मामलों पर ध्यान दिया जा सके। साथ ही इस संशोधन का उद्देश्य उन व्यक्तियों को राहत प्रदान करना है जो अनजाने में मामूली विदेशी संपत्तियों का खुलासा नहीं कर पाते। ऐसे में अब अघोषित विदेशी चल संपत्तियों (जैसे बैंक खाते, शेयर या प्रतिभूतियां) के धारकों को किसी भी वर्ष में 20 लाख रुपये से अधिक नहीं के कुल मूल्य के साथ न तो जुर्माना लगेगा और न ही कोई केस चलेगा।
Follow RNI News Channel on WhatsApp: https://whatsapp.com/channel/0029VaBPp7rK5cD6X
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Angry
0
Sad
0
Wow
0



