4 नवंबर की रात दिखेगा साल का सबसे बड़ा और चमकीला सुपरमून, आसमान में छाएगा ‘बीवर मून’ का जादू

Nov 2, 2025 - 10:33
 0  270
4 नवंबर की रात दिखेगा साल का सबसे बड़ा और चमकीला सुपरमून, आसमान में छाएगा ‘बीवर मून’ का जादू

नई दिल्ली (आरएनआई)। इस साल का सबसे बड़ा और सबसे चमकीला चांद यानी सुपरमून 4 नवंबर की रात आसमान में दिखाई देगा। इसे बीवर मून के नाम से भी जाना जाता है। इस रात चांद पृथ्वी के सामान्य दूरी से लगभग 17,000 मील (लगभग 27,000 किलोमीटर) करीब होगा, जिससे यह सामान्य पूर्णिमा की तुलना में करीब 7 प्रतिशत बड़ा और 16 प्रतिशत ज्यादा चमकीला नजर आएगा। इसकी रोशनी इतनी प्रबल होगी कि ज़मीन पर हल्की परछाइयां तक दिखाई देंगी, जिससे पतझड़ की यह रात साल की सबसे उजली रातों में दर्ज होगी।

वैज्ञानिकों के अनुसार, जब चंद्रमा अपनी अण्डाकार कक्षा में पृथ्वी के सबसे नजदीकी बिंदु पेरिजी पर होता है और उसी समय पूर्णिमा की अवस्था में पहुंचता है, तो उसे सुपरमून कहा जाता है। वैज्ञानिक भाषा में इसे पेरिजी फुल मून कहा जाता है। हालांकि, हर सुपरमून का आकार और चमक एक समान नहीं होती।

आसमान में दिखेगा तारों का अद्भुत संगम
इस बार का सुपरमून चमकीले वृषभ (टॉरस) तारामंडल में स्थित रहेगा। इसकी तेज रोशनी पास के कई तारों की चमक को फीका कर देगी, लेकिन अगर आप दूरबीन से देखें तो चांद के पास एल्डेबारन नाम का लाल-नारंगी तारा दिखाई देगा, जो पृथ्वी से करीब 65 प्रकाश-वर्ष दूर है और “बैल की आंख” का प्रतीक माना जाता है। इसके ठीक ऊपर प्लीएड्स या “सात बहनों” के नाम से प्रसिद्ध तारा समूह झिलमिलाता नजर आएगा। इन तीनों — चांद, एल्डेबारन और प्लीएड्स — से बना यह खगोलीय त्रिकोण रातभर आसमान में अपनी अनोखी छटा बिखेरेगा।

बीवर मून की कहानी
इस पूर्णिमा को बीवर मून कहा जाता है। इसका नाम उत्तरी अमेरिका की मूल जनजातियों से आया है, जो इस समय बीवर (जलचूहे) के अपनी मांद बनाने और शिकारियों द्वारा नदी जमने से पहले जाल बिछाने के मौसम का प्रतीक मानते थे। यह पूर्णिमा सर्दियों के आगमन की भी सूचना देती है।

ऐसे देखें साल का सबसे बड़ा चांद
इस सुपरमून को नंगी आंखों से देखा जा सकता है, किसी दूरबीन की आवश्यकता नहीं है। इसका सबसे जादुई नजारा तब मिलेगा जब यह पूर्वी क्षितिज से उगना शुरू करेगा — यानी शाम का पहला घंटा इसका सबसे सुंदर क्षण होगा। इस समय “मून इल्यूजन” यानी चंद्र भ्रम का प्रभाव होता है, जिसमें चांद पेड़ों या इमारतों के पास अधिक बड़ा दिखाई देता है।

हालांकि चांद आधिकारिक रूप से अपनी पूर्ण कला में 5 नवंबर को शाम 6:49 बजे (भारतीय समयानुसार) पहुंचेगा, लेकिन 4 नवंबर की रात ही इसका सबसे आकर्षक और अद्भुत रूप दिखेगा। यह दृश्य न केवल खगोल प्रेमियों के लिए, बल्कि हर उस व्यक्ति के लिए यादगार होगा जो एक बार फिर आसमान में झांककर ब्रह्मांड की खूबसूरती को महसूस करना चाहता है।

Follow RNI News Channel on WhatsApp: https://whatsapp.com/channel/0029VaBPp7rK5cD6X

What's Your Reaction?

Like Like 1
Dislike Dislike 0
Love Love 1
Funny Funny 1
Angry Angry 0
Sad Sad 0
Wow Wow 0
RNI News Reportage News International (RNI) is India's growing news website which is an digital platform to news, ideas and content based article. Destination where you can catch latest happenings from all over the globe Enhancing the strength of journalism independent and unbiased.