वेनेजुएला-अमेरिका तनाव: B‑1 बमवर्षक तट के पास, ट्रंप ने कड़े कदमों का संकेत दिया
वॉशिंगटन (आरएनआई) — अमेरिका और वेनेजुएला के बीच तनाव बढ़ गया है। अमेरिकी वायुसेना ने हाल के हफ्तों में कैरिबियन सागर और वेनेज़ुएला के तट के पास भारी बमवर्षक उड़ाए हैं, जिनमें बी‑1 लैंसर शामिल थे। अमेरिकी रक्षा सूत्रों का कहना है कि उड़ानें प्रशिक्षण के हिस्से के रूप में की गईं, लेकिन बढ़ती सैन्य हलचल से क्षेत्र में टकराव की आशंका बढ़ गई है।
रक्षा अधिकारियों के अनुसार, बी‑1 लैंसर टेक्सास के डीएस एयर फोर्स बेस से रवाना होकर कैरिबियन होते हुए वेनेजुएला के तट तक पहुँचे। कहा जाता है कि बी‑1 बमवर्षक बेड़े में भारी बम वहन क्षमता के लिये जाने जाते हैं। इससे पहले इसी क्षेत्र में बी‑52 स्ट्रैटोफोर्ट्रेस और मैरीन कॉर्प्स के F‑35B स्टील्थ जेट की भी उड़ानें देखी गई थीं।
पेंटागन ने बताया है कि सितंबर की शुरुआत से अमेरिका ने वेनेजुएला के तट के पास उन नावों पर हवाई और नौसैनिक कार्रवाई भी की है जिन पर अमेरिका का आरोप है कि ड्रग तस्करी हो रही थी। इन अभियानों में अब तक कम से कम 37 व्यक्तियों की मौत की सूचना मिली है। पेंटागन के अधिकारी पीट हेगसेथ ने कहा कि नौवीं हवाई हमले में तीन और एक पिछले हमले में दो लोग मारे गए थे।
जब रिपोर्टरों ने बी‑1 की उड़ान और वेनेजुएला पर सैन्य दबाव बढ़ाने के बारे में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से पूछा, तो उन्होंने कहा कि यह दावे झूठे हैं, लेकिन वेनेजुएला से अमेरिका कई कारणों से संतुष्ट नहीं है — जिनमें ड्रग तस्करी प्रमुख है। ट्रंप ने कहा कि नौकाओं पर कार्रवाई करने का उनका कानूनी अधिकार है और संकेत दिया कि जमीन पर भी कार्रवाई संभव है। उन्होंने कहा, “हम जब जमीन के रास्ते आएंगे तो हम उन पर बहुत कड़ी चोट करेंगे…हम पूरी तरह तैयार हैं और शायद बाद में कांग्रेस को बताएंगे कि हमने क्या किया।”
विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह की तैनाती — भारी बमवर्षक, स्टील्थ जेट और नौसैनिक गतिविधियाँ — न केवल दिक्कत पैदा कर सकती हैं बल्कि कूटनीति और सैन्य विकल्पों के बीच का विभाजन भी दिखाती हैं। अमेरिकी प्रशासन ने मादुरो सरकार पर नारको‑लॉन्ड्रिंग और आतंकवाद से जुड़ी कुछ प्रवृत्तियों के आरोप पहले ही लगाये हैं, और इन हालिया अभियानों ने उस तनाव को और बढ़ा दिया है।
अभी स्पष्ट नहीं है कि आगे क्या कदम उठाये जाएंगे; लेकिन क्षेत्र में बढ़ती सैन्य गतिविधि और नागरिक हताहतों की खबरों ने आशंकाएँ तेज कर दी हैं कि संघर्ष और भी तीव्र हो सकता है। कुछ घटनाओं के बारे में पेंटागन की ओर से दिए गये आंकड़े और बयान क्रमिक रूप से जारी किए गये हैं।
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