चुनाव आयोग का सीधा संपर्क अभियान सफल: 80.11% मतदाताओं ने जमा किए गणना प्रपत्र

चुनाव आयोग ने कहा कि राज्य के 80.11 फीसदी मतदाताओं ने पहले ही अपने गणना पपत्र जमा कर दिए हैं। आयोग ने यह भी कहा कि उसके वेबपोर्टल (ईसीआईनेट) में नया सत्यापन मॉड्यूल पूरी तरह से सक्रिय हो गया है।

Jul 13, 2025 - 11:10
 0  108
चुनाव आयोग का सीधा संपर्क अभियान सफल: 80.11% मतदाताओं ने जमा किए गणना प्रपत्र

नई दिल्ली (आरएनआई) भारतीय चुनाव आयोग (ईसीआई) ने कहा कि उसने बिहार के लगभग सभी मतदाताओं से सीधा संपर्क स्थापित कर लिया है। राज्य के 80.11 फीसदी मतदाताओं ने पहले ही अपने गणना पपत्र जमा कर दिए हैं। आयोग ने यह भी कहा कि उसके वेबपोर्टल (ईसीआईनेट) में नया सत्यापन मॉड्यूल पूरी तरह से सक्रिय हो गया है।

चुनाव आयोग ने शनिवार को जारी विज्ञप्ति में बताया कि पहले से मौजूद 77,895 बूथ स्तर के अधिकारियों (बीएलओ) और 20,603 नव नियुक्त बीएलओ के साथ वह 25 जुलाई तक की निर्धारित समय सीमा से पहले ही गणना प्रपत्रों (ईएफ) का संग्रह पूरा करने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। इस उद्देश्य के लिए, सभी 243 विधानसभा क्षेत्रों के 38 जिला निर्वाचन अधिकारियों (डीईओ) , निर्वाचक पंजीकरण अधिकारियों (ईआरओ) और 963 सहायक ईआरओ (एईआरओ) सहित क्षेत्र स्तरीय टीमों की निर्वाचन अधिकारी की ओर से बारीकी से निगरानी की जा रही है। चुनाव आयोग के इन प्रयासों के साथ ही सभी राजनीतिक दलों की ओर से नियुक्त 1.5 लाख बीएलए भी घर-घर जाकर हर मौजूदा मतदाता को शामिल करने में कोई कसर नहीं छोड़ रहे हैं, जिनका नाम 24 जून 2025 तक बिहार की मतदाता सूची में है। 4 लाख से अधिक स्वयंसेवकों की ओर से वरिष्ठ नागरिकों, दिव्यांग मतदाताओं और अन्य कमजोर समूहों की सहायता के लिए भी विशेष प्रयास किए जा रहे हैं।

100 फीसदी मुद्रण पूरा होने और अपने पते पर पाए गए सभी मतदाताओं को मतदाता सूची वितरण का काम लगभग पूरा होने के बाद, आज शाम 6 बजे तक संग्रह 6,32,59,497 या 80.11 फीसदी पार कर गया। इसका मतलब है कि बिहार में हर 5 में से 4 मतदाताओं ने मतदाता सूची जमा कर दी है। इस गति से, अधिकांश ईएफ 25 जुलाई 2025 से काफी पहले एकत्र किए जाने की संभावना है।

1 अगस्त को प्रकाशित होने वाली मसौदा मतदाता सूची में अपना नाम शामिल कराने के लिए, मतदाताओं को अपने ईएफ, अधिमानतः, पात्रता दस्तावेजों के साथ जमा करने होंगे। यदि किसी मतदाता को पात्रता दस्तावेज जमा करने के लिए अधिक समय की आवश्यकता है, तो वह उन्हें 30 अगस्त तक अलग से जमा कर सकता है, अर्थात दावे और आपत्तियां दर्ज करने की अंतिम तिथि तक और स्वयंसेवकों की मदद भी ले सकता है। समय से एक और कदम आगे बढ़ते हुए, बीएलओ ने शनिवार शाम 6 बजे तक 4.66 करोड़ गणना फॉर्म डिजिटल रूप से ईसीआईनेट पर अपलोड कर दिए हैं।

कांग्रेस ने कहा है कि बिहार में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) पर सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद भाजपा दुष्प्रचार कर रही है। अदालत ने चुनाव आयोग को आधार कार्ड, मतदाता पहचान पत्र और राशन कार्ड को पहचान के वैध प्रमाण के रूप में स्वीकार करने का निर्देश दिया था। लेकिन भाजपा अब दुष्प्रचार कर रही है। पार्टी ने स्पष्ट किया कि उसने कभी भी एसआईआर पर रोक लगाने की मांग नहीं की। वरिष्ठ कांग्रेस नेता अभिषेक मनु सिंघवी ने कहा कि अदालत ने आधार कार्ड, मतदाता पहचान पत्र और राशन कार्ड को पहचान के प्रमाण के रूप में मान्य किया है, जो लगभग 90 प्रतिशत लोगों के पास है। ऐसा न करना नागरिकता प्रमाण प्रस्तुत करने की एसआईआर शर्त से प्रभावित हो सकते हैं। सिंघवी ने कहा, प्रक्रिया से वर्ष 2003 के बाद पंजीकृत लगभग 4.9 करोड़ मतदाताओं में से लगभग 2 करोड़ लोग मताधिकार से वंचित हो सकते हैं, क्योंकि उनसे नागरिकता प्रमाण प्रस्तुत करने के लिए कहा जा रहा है। 

Follow RNI News Channel on WhatsApp: https://whatsapp.com/channel/0029VaBPp7rK5cD6X

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Angry Angry 0
Sad Sad 0
Wow Wow 0
RNI News Reportage News International (RNI) is India's growing news website which is an digital platform to news, ideas and content based article. Destination where you can catch latest happenings from all over the globe Enhancing the strength of journalism independent and unbiased.