चिकित्सक नैतिकता और रोगियों के प्रति सेवा के संकल्प पर अडिग रहें: मुर्मु

Jul 15, 2026 - 18:02
Jul 15, 2026 - 18:03
 0  216
चिकित्सक नैतिकता और रोगियों के प्रति सेवा के संकल्प पर अडिग रहें: मुर्मु

नई दिल्ली (आरएनआई) राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने आज कहा कि चिकित्सक नैतिकता और रोगियों के प्रति सेवा के संकल्प पर अडिग रहें।

श्रीमती मुर्मु ने यहां अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थान में 'सौश्रुतम् 2026' का उद्घाटन करते हुए यह बात कही। इस अवसर पर उन्होंने संस्‍थान के एमआरआई सेक्‍शन का भी उद्घाटन किया।

राष्ट्रपति ने शल्‍य चिकित्‍सा के जनक माने जाने वाले आचार्य सुश्रुत की जयंती के शुभ अवसर पर आयुर्वेद से जुड़े सभी लोगों को बधाई देते हुए कहा कि सदियों पहले आचार्य सुश्रुत ने जब शल्य चिकित्सा पद्धति का सूत्रपात किया था, तब वह अपने समय की एक क्रांति से कम नहीं था।

श्रीमती मुर्मु ने कहा कि आचार्य सुश्रुत अनेक जटिल एवं नवाचारपूर्ण शल्य क्रियाओं के प्रवर्तक के रूप में प्रसिद्ध हैं। उन्होंने अपने समय में प्‍लास्‍टिक सर्जरी, मोतियाबिंद सर्जरी, ट्यूमर के उपचार और ईएनटी सर्जरी जैसे अनेक क्षेत्रों में नयी पद्धतियों का प्रवर्तन किया।

राष्ट्रपति ने कहा कि अपनी परंपरा में निहित, मानव- कल्याण के लिए उपयोगी ज्ञान को, बदलते समय के साथ सामंजस्य बिठाते हुए आगे बढ़ाना समाज के लिए हितकर होगा। आयुर्वेद की समग्र जीवन-दृष्टि मानवता के लिए एक वरदान है। 

उन्होंने कहा कि हमें यह सुनिश्‍चित करना चाहिए कि यह प्राचीन ज्ञान वर्तमान समय के साथ प्रासंगिक और प्रभावी बना रहे। उन्होंने कहा कि भारत सरकार ने आयुर्वेद और योग को विश्व पटल पर नई ऊर्जा के साथ प्रतिष्ठित किया है। 

उन्होंने कहा कि मानकीकृत दस्तावेज़ीकरण, डिजिटल हैल्‍थ एकीकरण, और विज्ञान की अनुसंधान तकनीकों का सम्‍यक् उपयोग करने से इस प्रणाली की व्यापक वैश्विक स्वीकृति को बल मिलेगा।एल.एस.

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Angry Angry 0
Sad Sad 0
Wow Wow 0