डिब्बे में बेटे का शव लेकर लौटी मां बोलीं—मेरी गोद खाली हो गई, घर सूना हो गया; विंग कमांडर नमंश स्याल को सैन्य सम्मान के साथअंतिम विदाई
धर्मशाला (आरएनआई)। दुबई एयर शो में तेजस विमान हादसे में शहीद हुए भारतीय वायुसेना के विंग कमांडर नमंश स्याल को रविवार को उनके पैतृक गांव पटियालकड़, कांगड़ा में पूरे सैन्य सम्मान के साथ अंतिम विदाई दी गई। हजारों लोगों की भीड़ अपने वीर सपूत को अंतिम प्रणाम करने पहुँची और आंखों में आंसू भरकर श्रद्धांजलि दी।
शहीद नमंश स्याल की पत्नी और वायुसेना की विंग कमांडर अफशान अख्तर ने नम आंखों से अपने जीवन साथी को अंतिम सैल्यूट दिया। उनका यह सैल्यूट केवल एक सैन्य अधिकारी का नहीं, बल्कि एक वीर पत्नी का अपने पति के प्रति सर्वोच्च सम्मान था। सात वर्षीय बेटी आर्या भी मां के साथ खड़ी रोती रही, पर मासूम खामोश थी।
घर पहुँचते ही नमंश की मां वीना देवी बेटे की पार्थिव देह से लिपटकर बुरी तरह रो पड़ीं। उनका दर्द हर किसी को झकझोर गया। वे बार-बार कहती रहीं—“मैं अपने बेटे को डिब्बे में डालकर ले आई। मेरी गोद सूनी हो गई, मेरा घर खाली हो गया। इतना बड़ा घर किसके लिए बनाया था?” नमंश को श्रद्धांजलि देने आए सैन्य अधिकारियों ने जब पुष्प अर्पित किए, तो मां ने रोते हुए कहा—“दो फूल अपने सीने से लगा लूंगी, शायद थोड़ी राहत मिल जाए।”
पिता जगन्नाथ स्याल भी बेटे को खोने के दुख में टूट गए। उन्होंने कहा—“देश ने एक होनहार पायलट खो दिया, और मैंने अपना बेटा। नमंश हमेशा आगे रहे, कभी पीछे नहीं। जिस प्रतियोगिता में गए, वहां अव्वल रहे। मुझे अब खुद को संभालना है और अपनी बहू को भी।” दुर्घटना को लेकर उन्होंने कहा कि यह तकनीकी मामला है और इसकी जांच सरकार कर रही है।
शहीद नमंश स्याल को दी गई यह अंतिम सलामी कांगड़ा ही नहीं, पूरे देश के लिए एक भावुक क्षण बन गई। गांव से लेकर देशभर में उनके साहस, सेवा और बलिदान को सलाम किया जा रहा है।
Follow RNI News Channel on WhatsApp: https://whatsapp.com/channel/0029VaBPp7rK5cD6X
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Angry
0
Sad
0
Wow
0



