गुना के बागेरी डबल लॉक गोदाम में खाद स्टॉक पर सवाल, 2 हजार कट्टे डीएपी पोर्टल पर अपडेट न होने का आरोप; किसान कांग्रेस ने दी धरने की चेतावनी
जिले के बागेरी स्थित डबल लॉक खाद गोदाम पर किसान कांग्रेस के जिला अध्यक्ष चंद्रजीत सिंह यादव (सारेठा) ने किसानों के दल के साथ अचानक पहुंचकर औचक निरीक्षण किया, जिससे गोदाम प्रबंधन में हड़कंप मच गया। इस दौरान मौके पर जो सच सामने आया, उसने अधिकारियों के दावों की हवा निकाल दी। गोदाम की भौतिक जांच में चौंकाने वाले खुलासे हुए, जहां कागजी रिकॉर्ड और जमीनी हकीकत में भारी अंतर पाया गया। गोदाम में वास्तविक रूप से 2000 कट्टा डीएपी और 26 हजार कट्टा यूरिया का विशाल स्टॉक मौजूद मिला, लेकिन हैरान करने वाली बात यह थी कि गोदाम प्रबंधन द्वारा एक भी बैग ऑनलाइन पोर्टल पर अपडेट नहीं किया गया था।
निरीक्षण के दौरान जब किसान नेताओं ने कागजी दस्तावेजों की पड़ताल की, तो गोदाम अधिकारियों ने डीएपी का स्टॉक महज 1618 कट्टा दर्शाया था। लेकिन, जब किसान कांग्रेस जिला अध्यक्ष ने कार्यकर्ताओं की मौजूदगी में स्वयं एक-एक कट्टे की गिनती की, तो वास्तविक स्टॉक 2 हजार कट्टा निकला। कागजों और हकीकत में सीधे तौर पर 400 कट्टों की यह भारी गड़बड़ी देख किसान भड़क उठे। किसान नेताओं ने तीखा सवाल उठाया कि जब गोदाम में खाद बड़ी मात्रा में उपलब्ध है, तो उसे ऑनलाइन पोर्टल पर अपलोड क्यों नहीं किया जा रहा है? इसके पीछे कौन सा बड़ा खेल चल रहा है? स्थिति यह थी कि जहां एक ओर स्थानीय किसानों को खाद के लिए गुना तक के चक्कर काटने पड़ रहे थे, वहीं गोदाम के भीतर हजारों बोरियां पोर्टल पर अपलोड ही नहीं की गई थीं।
मामले की गंभीरता को भांपते हुए किसान कांग्रेस अध्यक्ष ने मौके से ही जिला विपणन अधिकारी को फोन पर स्थिति से अवगत कराया और भारी नाराजगी जताई। उन्होंने दोटूक चेतावनी दी कि यदि निर्धारित समय-सीमा के भीतर पोर्टल पर सही और वास्तविक डेटा अपलोड नहीं किया गया, तो किसानों को मजबूरन गोदाम के बाहर अनिश्चितकालीन धरने पर बैठना पड़ेगा। यादव ने स्पष्ट किया कि यह मामला जिले के हजारों किसानों के भविष्य और उनकी फसलों से जुड़ा है, इसलिए इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। बढ़ते दबाव के बाद जिला विपणन अधिकारी ने किसान नेताओं को आश्वस्त किया कि अगले दिन सुबह 10 बजे तक शेष 2 हजार कट्टा डीएपी का स्टॉक अनिवार्य रूप से ऑनलाइन पोर्टल पर अपडेट कर दिया जाएगा।
हंगामे के दौरान यह भी गंभीर आरोप लगाया गया कि गोदाम में पुराने ब्रांड का खाद रखा हुआ है, जबकि नए लॉट वाला खाद गायब है। किसान नेताओं ने दोटूक शब्दों में चेतावनी दी कि खाद के एक-एक कट्टे का हिसाब लिया जाएगा और जरूरत पड़ी तो किसानों के घर-घर जाकर इसकी जांच की जाएगी। इस औचक निरीक्षण के समय बमौरी ब्लॉक अध्यक्ष तिलविंदर सिंह और पिछड़ा वर्ग अध्यक्ष नंदराज मीना भी विशेष रूप से मौजूद रहे।
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