नेपाल में फिर बाढ़ का खतरा, चीन में 5.1 तीव्रता का भूकंप; त्रिशूली इलाके में अलर्ट

Friday, August 28, 2026 - 14:36
0
नेपाल में फिर बाढ़ का खतरा, चीन में 5.1 तीव्रता का भूकंप; त्रिशूली इलाके में अलर्ट

चीन के सिचुआन प्रांत में शुक्रवार को 5.1 तीव्रता का भूकंप आने के बाद नेपाल में एक बार फिर बाढ़ का खतरा पैदा हो गया है। नेपाल पुलिस के मुताबिक, तिब्बत की ओर पानी का बांध फिर टूटने की सूचना मिली है, जिससे ऊपर से तेज बहाव आने और त्रिशूली नदी का जलस्तर अचानक बढ़ने की आशंका है। खतरे को देखते हुए त्रिशूली इलाके को खाली कराया जा रहा है और लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी गई है।

चीन भूकंप नेटवर्क केंद्र के अनुसार, भूकंप सिचुआन प्रांत के दक्षिण-पश्चिमी हिस्से के लोंगचांग शहर में आया। भूकंप के बाद नेपाल पुलिस ने लोगों को सतर्क रहने की अपील की। पुलिस ने सुरक्षा कर्मियों, राहत एवं बचाव दल और स्थानीय लोगों से सुरक्षित स्थानों पर जाने तथा आसपास के लोगों को भी खतरे की जानकारी देने को कहा है।

नेपाल में पहले से जारी आपदा के बीच हालात और गंभीर हो गए हैं। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार बाढ़ और संबंधित घटनाओं में मृतकों की संख्या 469 तक पहुंच गई है, जबकि 1,545 लोग अब भी लापता बताए जा रहे हैं।

सेना और हेलीकॉप्टरों से बचाव अभियान जारी

त्रिशूली इलाके में नेपाली सेना और सुरक्षा एजेंसियों ने बचाव अभियान तेज कर दिया है। खराब मौसम और कठिन भौगोलिक परिस्थितियों के बावजूद सेना के दो हेलीकॉप्टरों के साथ निजी हेलीकॉप्टर भी राहत और बचाव कार्य में लगाए गए हैं। संघीय, प्रांतीय और स्थानीय प्रशासन के बीच समन्वय बनाकर प्रभावित लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की कोशिश की जा रही है।

प्रशासन की ओर से लोगों को लगातार स्थिति की जानकारी दी जा रही है। अचानक बढ़ने वाले जलस्तर की आशंका को देखते हुए नदी और आसपास के संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ा दी गई है।

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Wow Wow 0
Sad Sad 0
Angry Angry 0
RNI News

Reportage News International (RNI) is India's growing news website which is an digital platform to news, ideas and content based article. Destination where you can catch latest happenings from all over the globe Enhancing the strength of journalism independent and unbiased.

Comments (0)

User