परिसीमन पर शशि थरूर का तंज: ड्राइवर के वेतन का उदाहरण देकर बताया छोटे राज्यों को कैसे होगा नुकसान

Thursday, June 18, 2026 - 16:51
0
परिसीमन पर शशि थरूर का तंज: ड्राइवर के वेतन का उदाहरण देकर बताया छोटे राज्यों को कैसे होगा नुकसान

नई दिल्ली। (आरएनआई) लोकसभा सीटों के संभावित परिसीमन को लेकर राजनीतिक बहस तेज होती जा रही है। कांग्रेस सांसद Shashi Tharoor ने आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री N. Chandrababu Naidu के तर्कों का विरोध करते हुए कहा है कि सीटों में समान प्रतिशत वृद्धि होने के बावजूद बड़े राज्यों का राजनीतिक प्रभाव कहीं अधिक बढ़ जाएगा, जिससे छोटे और दक्षिणी राज्यों की चिंताएं और गहरी होंगी।

लोकसभा सीटों की संख्या बढ़ाने के प्रस्ताव का समर्थन करते हुए चंद्रबाबू नायडू ने तर्क दिया था कि सभी राज्यों को समान अनुपात में अतिरिक्त सीटें मिलने से किसी राज्य के साथ भेदभाव नहीं होगा। हालांकि, शशि थरूर ने इस दलील को खारिज करते हुए एक सरल उदाहरण के जरिए अपनी बात समझाई।

सोशल मीडिया पर साझा किए गए अपने संदेश में थरूर ने लिखा, "मान लीजिए आपका वेतन दो लाख रुपये है और आपके ड्राइवर का वेतन 20 हजार रुपये है। यदि दोनों के वेतन में 50 प्रतिशत की बढ़ोतरी होती है, तो आपका वेतन तीन लाख रुपये और ड्राइवर का वेतन 30 हजार रुपये हो जाएगा। प्रतिशत के हिसाब से बढ़ोतरी समान है, लेकिन वास्तविक लाभ और अंतर पहले से अधिक बढ़ जाएगा।"

थरूर ने कहा कि दक्षिण भारतीय राज्यों के मुख्यमंत्रियों की चिंता भी कुछ ऐसी ही है। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि यदि उत्तर प्रदेश में लोकसभा सांसदों की संख्या 80 से बढ़कर 120 हो जाती है और केरल में 20 से बढ़कर 30, तो प्रतिशत वृद्धि समान होने के बावजूद राजनीतिक प्रभाव का अंतर काफी बढ़ जाएगा। वर्तमान में दोनों राज्यों के बीच 60 सांसदों का अंतर है, जो परिसीमन के बाद बढ़कर 90 सांसदों तक पहुंच सकता है।

कांग्रेस सांसद का कहना है कि यह केवल सीटों की संख्या का मामला नहीं है, बल्कि संसद में राज्यों की राजनीतिक ताकत, नीति निर्माण में प्रभाव और राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिनिधित्व के संतुलन से भी जुड़ा हुआ मुद्दा है। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या इस बढ़ते अंतर को नजरअंदाज किया जा सकता है।

लोकसभा परिसीमन को लेकर दक्षिणी राज्यों की ओर से लंबे समय से यह चिंता जताई जाती रही है कि जनसंख्या नियंत्रण में बेहतर प्रदर्शन करने वाले राज्यों का प्रतिनिधित्व अपेक्षाकृत कम हो सकता है, जबकि अधिक जनसंख्या वाले राज्यों का प्रभाव और बढ़ जाएगा। इसी मुद्दे को लेकर राजनीतिक दलों के बीच बहस लगातार तेज हो रही है।

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Wow Wow 0
Sad Sad 0
Angry Angry 0
RNI News

Reportage News International (RNI) is India's growing news website which is an digital platform to news, ideas and content based article. Destination where you can catch latest happenings from all over the globe Enhancing the strength of journalism independent and unbiased.

Comments (0)

User