प्रख्यात संविधान विशेषज्ञ डॉ. सुभाष सी कश्यप का निधन, देश ने खोया संसदीय परंपराओं का जीवंत विश्वकोश
नई दिल्ली (आरएनआई) भारतीय संविधान और संसदीय व्यवस्था के प्रख्यात विशेषज्ञ, पद्म भूषण से सम्मानित तथा लोकसभा के पूर्व महासचिव **डॉ. सुभाष सी कश्यप** का गुरुवार को 97 वर्ष की आयु में निधन हो गया। लोकसभा सचिवालय के सूत्रों के अनुसार, उन्होंने दिल्ली स्थित अपने आवास पर अंतिम सांस ली। बताया गया कि हृदय गति रुकने के कारण उनका निधन हुआ। वह पिछले कुछ समय से अस्वस्थ भी चल रहे थे।
डॉ. कश्यप को भारतीय संविधान और संसदीय परंपराओं का जीवंत विश्वकोश माना जाता था। उन्होंने लोकसभा महासचिव के रूप में दीर्घकाल तक अपनी सेवाएं दीं और संवैधानिक विषयों पर गहन अध्ययन के माध्यम से देश को अमूल्य बौद्धिक योगदान दिया। उनके द्वारा लिखी गई 100 से अधिक पुस्तकों ने विधि, राजनीति और संविधान के क्षेत्र में कई पीढ़ियों का मार्गदर्शन किया।
लोकसभा अध्यक्ष **Om Birla** ने उनके निधन पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए कहा कि डॉ. कश्यप भारतीय संविधान और संसदीय व्यवस्था के जीवंत विश्वकोश थे। उन्होंने कहा कि उनकी विद्वता, अनुभव और लेखन आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बने रहेंगे।
डॉ. कश्यप के निधन से देश ने संविधान, लोकतंत्र और संसदीय परंपराओं के एक ऐसे विद्वान को खो दिया है, जिनका योगदान भारतीय लोकतांत्रिक व्यवस्था के इतिहास में हमेशा याद रखा जाएगा।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Angry
0
Sad
0
Wow
0



